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Friday, 13 November 2020

राजस्थान में पुलिस भर्ती परीक्षा के बारे में महत्वपूर्ण अपडेट, बस इतने घंटे बचे हैं अब.. ध्यान दें..

जयपुर
प्रदेश की सबसे बड़ी परीक्षा यानि पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा की आंसर की जारी कर दी गई है और अब सिर्फ 72 घंटो यानि तीन दिनों के भीतर इनमें आपत्ति भी मांगी गई है। अगर किसी अभ्यर्थी को अपनी आंसर शीट में किसी तरह की आपत्ति है तो वह इन 72 घंटों के दौरान अपनी आपत्ति दर्ज करा सकता है ताकि उसे प्रायोरिटी पर लिया जा सके। अफसरों का कहना है कि इस समय के बाद किसी तरह की आपत्ति दर्ज नहीं की जाएगी और भर्ती प्रक्रिया के अगले चरण शुरू कर दिए जाएंगे। ताकि जल्द से जल्द पुलिस की भर्ती हो सके और प्रदेश की कानून व्यवस्था और ज्यादा दुरुस्त की जा सके। छह दिन में परीक्षा और परिणाम का सिलसिला पहली बार प्रदेश में किसी बड़ी भर्ती परीक्षा में देखने को मिल रहा है।


72 घंटे में आपत्ति दर्ज नहीं कराई तो नहीं ली जाएगी आपत्ति
अतिरिक्त महानिदेश भर्ती एवं प्रशिक्षण गोविंद गुप्ता ने बताया कि रात बारह बजे आंसर की डालने के बाद कोई भी आपत्ति आनलाइन दर्ज कराई जा सकेगी। उसके बाद किसी भी सूरत में आपत्ति दर्ज नहीं की जाएगी। गुप्ता ने बताया कि विभाग का यही उद्देश्य है कि भर्ती परीक्षा को जल्द से जल्द कराया जाए। पुलिस मुख्यालय के अफसरों ने बताया कि परीक्षा के आयोजन और परिणाम तक पूरी सावधानी और सुरक्षा बरती गई है ताकि परीक्षा को लेकर कोई विवाद या रुकावट नहीं आए। आंसर की बारह नवम्बर की रात बारह बजे जारी कर दी गई है।

17 लाख 50 हजार ने किए थे परीक्षा को लेकर आवेदन
दरअसल पुलिस के पांच हजार पांच सौ पदों के लिए इसी महीने छह सात और आठ तारीख को आयोजित हुई परीक्षा के लिए 17 लाख 50 हजार से भी ज्यादा अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था। लेकिन इस आवेदन के बाद परीक्षा केंद्रों तक 12 लाख 41 हजार अभ्यर्थी ही पहुंचे। तीन दिन में छह पारियों में इस परीक्षा को मोबाइल फोन जैमर की मदद से कराया गया। परीक्षा के दौरान 19 कोरोना पॉजिटिव और 14 कोरोना लक्षण वाले अभ्यर्थी भी परीक्षा देने पहुंचे थे। उनके लिए हर सेंटर पर आइसोलेशन रुप का बंदोबस्त भी किया गया था। करीब पांच सौ परीक्षा केंद्रों में प्रदेश भर में यह परीक्षा आयोजित की गई थी। परीक्षा के लिए 13 हजार पांच सौ से भी ज्यादा कमरों का इस्तेमाल किया गया ताकि सोशल डिस्टेंसिंग की पूरी तरह से पालना की जा सके। परीक्षा के दौरान प्रदेश भर से मिलाकर आठ केस पकडे गए। इन मामलों में उन लोगों को दबोचा गया जो परीक्षा में किसी दूसरे की जगह परीक्षा दे रहे थे, पेपर लीक करने के नाम पर रुपए लिए थे या फिर अन्य आपत्तिजनक काम कर रहे थे। अफसरों ने बताया कि पास जितने पद हैं उनसे करीब पांच गुना अभ्यर्थियों को भर्ती के अगले चरण में ले जाया जाएगा ।



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दिवाली के त्योंहार में अगर गाड़ी से आ रहे हैं बाजार तो खबर पढ़ लें...

जयपुर
दिवाली या #Diwali2020 उसके बाद आने वाले दो अन्य त्योंहार में आपने गलत जगह पर वाहन पार्क कर दिया है तो #Jaipur-police पुलिस उसे जल्द से जल्द उठा लेगी। अगर वाहन चारदीवारी के बड़े बाजारों और गलियों में गलत तरीके से लगाया गया है तो फिर वाहन चालक को नहीं बक्शा जाएगा। दरअसल त्योंहार के दौरान खुशियों के रंग में भंग नहीं पडे इसलिए यातायात पुलिस #Traffic-police-jaipur अफसरों ने इसकी तैयारी कर ली है। सात सौ से भी ज्यादा जवानों को शहर भर में तैनात किया गया है। उनका पहला सबसे महत्वपूर्ण काम है पार्किग बंदोबस्त दुरुस्त करना और जाम नहीं लगने देना। जवानों की मदद के लिए होमगार्ड जवान भी तैनात किए गए हैं।

यातायात बंदोबस्त को बदला गया सख्ती से पालना जरुरी
डीसीपी ट्रैफिक आदर्श सिद्धू ने बताया कि दीवाली के त्यौहार पर बडी संख्या में लोग परकोटे में रोशनी देखने के लिए यहां पहुॅचते है। बाजारों में भीड़भाड के चलते तीन दिनों तक शहर की यातायात पुलिस भी मुस्तैद हो गई है। शहर के कई हिस्सों में तो बड़े वाहनों की एंट्री पूरी तरह से बंद कर दी गई है और इसके लिए मैप भी जारी कर दिया गया है। ताकि शहर में आने से पहले उसे फॉलो किया जाए तो परेशनी नहीं होगी। दीवाली से लेकर भाईदूज तक जयपुर के परकोटे और मानसरोवर ,वैशाली नगर ,मालवीय नगर सहित प्रमुख बाजारों में यातायात पुलिस का जाप्ता दिन — रात तैनात किया गया है। सड़कों पर जाम को देखते हुए बाजारों में सिंगल लेन पॉर्किंग रहेगी। वाहनों और पैदल यात्रियों के चलने के लिए शहर में अलग — अलग लेन चिन्हित की गई है । परकोटे के भीतर वाहनों के चलते यातायात का दबाव अधिक देखा जा रहा है। ऐसे में यातायात पुलिस का इन स्थानों पर विशेष फोकस रहेगा। हर बार की तरह इस बार भी दीवाली पर राजधानी में यातायात की विशेष व्यवस्था की गई है। सड़कों पर लगने वाले जाम और लोगों की सुरक्षा को लेकर पुलिस काफी गंभीर है। ऐसे में पुलिस ने आमजन से भी सहयोग की अपील की है।



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पेट्रोल-डीजल के दामों में 43वें दिन राहत जारी

जयपुर। अंतरराष्ट्रीय बाजारों में कच्चे तेल में तेजी के बावजूद सरकारी तेल कंपनियों ने शनिवार को लगातार 43वें दिन डीजल के दाम में कोई बदलाव नहीं किया है। जयपुर में डीजल के दाम 79.27 रुपए प्रति लीटर पर है और पेट्रोल के दाम 88.21 रुपए प्रति लीटर पर पड़े रहे। घरेलू बाजार में डीजल के दाम में अंतिम बार कटौती दो अक्टूबर को हुई थी। पेट्रोल की कीमत में आखिरी बार 22 सितंबर को सात से आठ पैसे प्रति लीटर की गिरावट देखी गई।
देश के महानगरों में पेट्रोल-डीजल का हाल
तेल विपणन क्षेत्र की अग्रणी कंपनी इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड (आईओसीएल) के अनुसार दिल्ली में पेट्रोल 81.06 रुपए, जबकि डीजल 70.46 रुपए प्रति लीटर पर स्थिर रहा। वाणिज्यिक नगरी मुंबई में पेट्रोल 87.74 रुपए प्रति लीटर और डीजल 76.86 रुपए प्रति लीटर पर टिका रहा। कोलकाता में पेट्रोल 82.59 रुपए प्रति लीटर और डीजल 73.99 रुपए प्रति लीटर पर अपरिवर्तित रहा। चेन्नई में पेट्रोल की कीमत 84.14 रुपए प्रति लीटर और डीजव 75.99 रुपए प्रति लीटर पर टिकी रही।
प्रति दिन छह बजे बदलती है कीमत
बता दें कि प्रति दिन सुबह छह बजे पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बदलाव होता है। सुबह छह बजे से ही नई दरें लागू हो जाती हैं। पेट्रोल व डीजल के दाम में कीमत में एक्साइज ड्यूटी, डीलर कमीशन और अन्य चीजें जोडऩे के बाद इसका दाम लगभग दोगुना हो जाता है।
जानिए आपके शहर में कितना है दाम
पेट्रोल-डीजल की कीमत आप एसएमएस के जरिए जान सकते हैं। इंडियन ऑयल की वेबसाइट के अनुसार, आपको आरएसपी और अपने शहर का कोड लिखकर 9224992249 नंबर पर भेजना होगा। हर शहर का कोड अलग-अलग है, जो आपको आईओसीएल की वेबसाइट से मिल जाएगा।



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Diwali Laxmi Puja Muhurat दीपावली पूजा का सबसे अच्छा मुहूर्त, ऐसे प्राप्त करें मां लक्ष्मी का आशीर्वाद

जयपुर. 14 नवंबर को कार्तिक मास की कृष्ण पक्ष की अमावस्या को दिवाली का महापर्व मनाया जा रहा है। आज मध्यान्ह 2 बजकर 18 मिनट पर अमावस्या तिथि लगेगी। इस तरह प्रदोष काल और महा निशीथकाल में अमावस्या तिथि ही रहेगी। 14 नवंबर को सर्वार्थ सिद्धि योग सहित कई अन्य शुभ योगों में यह महापर्व मनाया जा रहा है।

ज्योतिषाचार्य पंडित सोमेश परसाई बताते हैं कि दीपावली पर मां लक्ष्मी, श्रीगणेश, कुबेरदेव और कालीजी की पूजा करना शुभ लाभदायी माना गया है। वैसे तो आज दिनभर दिवाली लक्ष्मी पूजन के शुभ मुहूर्त रहेंगे पर शास्त्रों के अनुसार इस दिन प्रदोष काल में स्थिर लग्न और स्वाति नक्षत्र में दिवाली पूजन करना सबसे फलदायक होता है।

आज शाम 7 बजकर 28 मिनट तक वृष लग्न और 8 बजकर 9 मिनट तक स्वाति नक्षत्र रहेगा। गृहस्थों के लिए दीपावली पूजन के लिए शाम 5 बजकर 28 मिनट से 7 बजकर 28 मिनट तक का समय सबसे अच्छा रहेगा। निशीथ काल रात 8.09 बजे से रात 10.53 बजे तक रहेगा। रात 8.48 बजे से 10.30 बजे तक शुभ चौघड़िया रहेगा।

व्यापारियों के लिए दिन में 2.30 बजे से शाम 6. 04 बजे तक पूजन और उपहारों आदि का वितरण अच्छा रहेगा। वैसे शाम 8 बजकर 9 मिनट से दुकानों या व्यापारिक प्रतिष्ठानों में पूजा का सबसे अच्छा मुहूर्त है। इस मुहूर्त में लाभ चौघड़िया में तराजू, बहीखाते की पूजा करना शुभ होगा। पूजा में श्रीसूक्त, लक्ष्मी स्तोत्र, कनकधारा स्तोत्र का पाठ बहुत शुभ माना जाता है।



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Laxmi Pujan Muhurat 2020: लक्ष्मी पूजन के लिए यह 12 मिनट का मुहूर्त है सर्वश्रेष्ठ

जयपुर। Laxmi Pujan Muhurat 2020: कार्तिक कृष्ण चतुर्दशी युक्त अमावस्या पर शनिवार को विभिन्न योग-संयोग के बीच दिवाली का पर्व मनाया जाएगा। पं. दामोदर प्रसाद शर्मा के मुताबिक सर्वार्थसिद्धि योग, स्वाति नक्षत्र और सौभाग्य योग में दिवाली का पर्व होना विशेष फलदायी है। इसमें माता लक्ष्मी की आराधना सिद्धिदायक रहेगी। लंबे समय बाद दिवाली पर ग्रहों का विशेष योग संयोग भी देखने को मिलेगा। देवगुरु बृहस्पति स्वराशि धनु में, न्याय के देवता शनि मकर राशि में रहेंगे।

वहीं शुक्र अपनी नीच राशि कन्या और सूर्य नीच राशि तुला में रहेगा। चारों ग्रहों का यह संयोग दिवाली के दिन 300 साल में पहली बार बनेगा। ऐसे में आगामी समय में देश को कई सार्थक परिणाम मिलेंगे। साथ ही देश विदेश में भारत की साख बढ़ेगी। वर्ष 1913 के बाद बृहस्पति, शनि स्वराशि और सूर्य नीच राशि में दिवाली पर एक साथ रहे थे। ऐसा ही संयोग इस बार बन रहा है। सभी राशि के जातकों को तेल का दीपदान करने से आरोग्य में वृद्धि होगी।

अमावस्या की शुरुआत शनिवार दोपहर 2.18 बजे से होगी और पूरी रात अमावस्या रहेगी। शास्त्रानुसार कार्तिक अमावस्या को प्रदोषकाल युक्त अमावस्या में लक्ष्मी पूजन किया जाता है। लक्ष्मी पूजन प्रदोष युक्त अमावस्या को स्थिर लग्न में करना बेहतर माना गया है। गृहस्थजन को शाम को प्रदोषकाल युक्त वृषभ लग्न में महालक्ष्मी पूजन करना चाहिए, जो इस बार सायं 5.49 से 6.02 बजे तक रहेगा। पं. पुरुषोत्तम गौड़ ने बताया कि लक्ष्मी पूजन प्रदोष युक्त अमावस्या को स्थिर लग्न और स्थिर नवांश में सभी राशि के जातकों के लिए सर्वश्रेष्ठ रहता है।

पूजन के मुहूर्त:
प्रदोष काल: शाम 5.33 से रात 8.12 बजे तक
वृष लग्न: शाम 5.37 से रात 7.34 बजे तक
सिंह लग्न: मध्य रात्रि 12.07 से 2.23 बजे तक

चौघडि़ए मुहूर्त:
लाभ: शाम 5.33 से 7.13 बजे तक
शुभ, अमृत और चर: रात 8.52 से 1.51 बजे तक

सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त:
सायं 5.49 से 6.02 बजे तक। इसमें प्रदोष काल, वृष लग्न, कुंभ का स्थिर नवांश भी रहेगा। इसलिए यह सबसे सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त।

दिन के मुहूर्त (व्यापारिक और औद्योगिक प्रतिष्ठान):
दोपहर 2.18 बजे बाद महालक्ष्मी पूजन करना स्र्वश्रेष्ठ रहेगा। इसमें लाभ, अमृत का चौघडिय़ा दोपहर बाद 2.18 से 4.12 बजे तक रहेगा।

(ज्योतिषाचार्य पं. दामोदर प्रसाद शर्मा के मुताबिक)



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Aaj Ka Panchang सौंदर्य प्रसाधन, कंप्यूटर व सॉफ़्टवेयर, विमान व ग्लाइडिंग आदि से संबंधित कार्य सफल होने का दिन

जयपुर. आज कार्तिक मास कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी अपराह्न 02 बजकर 18 मिनट तक रहेगी, इसके बाद अमावस्या तिथि प्रारंभ हो जाएगी. इस तरह आज रूप चौदस और दीपावली दोनों पर्व मनाए जाएंगे. ज्योतिषाचार्य पंडित सोमेश परसाई बताते हैं कि आज रात्रि 08 बजकर 9 मिनट तक स्वाती नक्षत्र तत्पश्चात् विशाखा नक्षत्र रहेगा.

आज सौंदर्य प्रसाधन, कंप्यूटर व सॉफ़्टवेयर, शिक्षक, मनोविज्ञान, वकील-न्यायाधीश, खोजी-अन्वेषक, व्यापारी, खिलाड़ी, सरकारी सेवा, परिवहन, समाचार वाचन, मंच संचालन, विमान उद्योग व ग्लाइडिंग आदि कार्य सफल हो सकते हैं। आज मां लक्ष्मी, मां सरस्वती, श्रीगणेश, कुबेरदेवजी के साथ शन‍िदेव की भी उपासना करें और जरूरतमंदों को यथाशक्ति दान दें।

राष्ट्रीय मिति कार्तिक 23 शक संवत 1942
कार्तिक कृष्ण चर्तुदशी शनिवार विक्रम संवत 2077।
सौर कार्तिक मास प्रविष्टे 29, रवि उल्लावल 27, हिजरी 1442।
चंद्रमा दिन रात तुला राशि पर संचार करेगा।
सूर्य दक्षिणायन, दक्षिणगोल, हेमंत ऋतः।
चर्तुदशी तिथि अपराह्न 02 बजकर 18 मिनट तक उपरांत अमावस्या तिथि का आरंभ
स्वाति नक्षत्र रात्रि 08 बजकर 9 मिनट तक उपरांत विशाखा नक्षत्र का आरंभ
आयुष्मान योग प्रातः 07 बजकर 30 मिनट तक उपरांत सौभाग्य योग का आरंभ।
शकुनि करण अपराह्न 02 बजकर 18 मिनट तक उपरांत नाग करण का आरंभ।

आज का दिशाशूल: पूर्व।

आज के व्रत त्योहार- नरक-चतुर्दशी, रूप चौदस, श्री महालक्ष्मी पूजन कुबेर-पूजा।

आज के शुभ मुहूर्तः
अभिजीत मुहूर्त दोपहर 11 बजकर 44 मिनट से 12 बजकर 27 मिनट तक।
विजय मुहूर्त दोपहर 01 बजकर 53 मिनट से 02 बजकर 36 मिनट तक रहेगा।
गोधूलि मुहूर्त शाम 05 बजकर 17 मिनट से 05 बजकर 41 मिनट तक।
अमृत काल दोपहर 12 बजकर 26 मिनट से 01 बजकर 50 मिनट तक रहेगा।
सर्वार्थ सिद्धि योग सुबह 06 बजकर 43 मिनट से शाम 08 बजकर 09 मिनट तक।
निशीथ काल मध्यरात्रि 11 बजकर 39 मिनट से 12 बजकर 32 मिनट तक।

आज के अशुभ मुहूर्तः
गुलिक काल सुबह 06 बजे से 07 बजकर 30 मिनट तक रहेगा।
राहुकाल सुबह 09 बजे से 10 बजकर 30 मिनट तक।
यमगंड दोपहर 01 बजकर 30 मिनट से 03 बजकर 30 मिनट तक रहेगा।



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Diwali 2020 महालक्ष्मी के साथ मां सरस्वती, श्रीगणेश और कुबेर देवजी की कृपा प्राप्ति का दिन, ऐसे करें पूजा—अर्चना

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जयपुर. आज कार्तिक माह की अमावस्या पर महापर्व दीपावली मनाई जाएगी। मान्यता है कि इसी दिन समुद्र मंथन से मां लक्ष्मी प्रकट हुई थीं इसलिए यह दिन महालक्ष्मी की पूजा—अर्चना—साधना को समर्पित किया गया है। दीपावली वस्तुत: दीप जलाने का त्यौहार है। इस दिन दीपदान जरूर करना चाहिए।

ज्योतिषाचार्य पंडित सोमेश परसाई बताते हैं कि लक्ष्मीजी के साथ दीपावली पर सरस्वतीजी, मां काली, श्रीगणेश और कुबेर देव की भी पूजा की जाती है। इस दिन लक्ष्मीजी के सभी आठ स्वरूपों की पूजा का विधान है। इसके साथ कलम, सरस्वती और दीपक की पूजा भी करनी चाहिए। दीपों की पूजा से दुख खत्म हो जाते हैं और पाप नष्ट होते हैं।

लक्ष्मी पूजन से सुख—समृद्धि—ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है। खास बात तो यह है कि इस बार दीपावली पर अन्य अनेक शुभ योग भी बन रहे हैं। ज्योतिषाचार्य पंडित नरेंद्र नागर के अनुसार रात में शुभ मुहूर्त में कलश के जल से खुद पर और पूजन सामग्री पर पानी का छिड़काव करके पृथ्वी को प्रणाम करते हुए संकल्प लेकर पूजा प्रारंभ करें।

पहले गणेशजी और विष्णुजी की पूजा करें। इसके बाद महालक्ष्मी की विधिपूर्वक पूजा करें। लक्ष्मीजी के समक्ष दीप जलाएं। पुष्पहार चढ़ाएं, पूजन सामग्री अर्पित करें और भोग लगाएं। देवी की आरती करें। आरती के बाद पूजा में हुई जानी-अनजानी भूल के लिए क्षमायाचना करें। दिवाली पर श्रीसूक्त का पाठ अवश्य करें।



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