Wednesday, 22 August 2018

जहाजपुर विधानसभा के लिए पत्रिया की दावेदारी से हलचल, चुनावी सरगर्मी हुई तेज

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भीलवाड़ा(मूलचंद पेशवानी)- जहाजपुर न्यूज़:- से  {उमेश}  जहाजपुर विधानसभा क्षेत्र से वहां पर जनसंघ के संस्थापक सदस्य रहे ओर भाजपा के चिन्ह पर पहली बार विधानसभा चुनाव लडने वाले स्व. श्रवण पत्रिया के पुत्र ओर भाजपा के जहाजपुर के चाणक्य दिनेश पत्रिया के दावेदारी ठोक देने से एक ओर जहां युवाओं में अपारा उतसाह देखा जा रहा है वहीं पर राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गयी है।
पत्रिया पिछले 25 सालो से हर विधानसभा, लोकसभा, पंचायत राज ओर नगर पालिका चुनाव में अपनी भूमिका संकटमोचक के रूप में निभा चुके है। पत्रिया जो भाजपा के सक्रिय पदाध्किारी रह कर महामंत्री व चुनाव संयोजक तक की भूमिका में काम कर चुके है। इसी कारण समूचे विधानसभा क्षेत्र में उनकी जो पहचान कायम है, इस बार वो अपने पिता के निधन उपरांत उनके सपने को साकार करने के लिए चुनाव में दावेदारी ठोक रहे है।
भाजपा की सरकार में दो बार मनोनित पार्षद रह चुके पत्रिया हालांकि पूर्व विधायक शिवजीराम मीणा के कटटर समर्थक है। 1990 से ही दिनेश पत्रिया भाजपा के विभिन्न पदो, युवा मोर्चा अध्यक्ष से लेकर नगर के 20 सालो तक महामंत्री ओर अनेक पदो पर रहकर पार्टी के लिए काम चुके है। वर्तमान में भी दिनेश पत्रिया  की पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारियों की गिनती में आते है। जहाजपुर में भाजपा के चाणक्य कहे जाने वाले पत्रिया के विधानसभा चुनाव में दावेदार बनने से कांग्रेस में जहां खलबली दिख रही है वहीं भाजपा में युवा वर्ग में खासा उत्साह देखा जा रहा है। 
हर तरफ से युवा वर्ग पत्रिया के समर्थन में खुलकर सामने आने लगा है। पत्रिया के पिछले 20 सालों से पत्रकारिता में भी सक्रिय रहने के कारण भाजपा के इतर कांग्रेस व मुस्लिम वर्ग में अच्छी पैठ होने के कारण वो सभी भी पत्रिया के पक्ष में आ सकते है। 
पत्रिया का साफ तौर पर कहना है कि वो इस संबंध में प्रदेश ओर केंद्रीय आलाकमान के समक्ष पार्टी का पक्ष ओर क्षेत्र के समीकरण के बारे में जल्द ही चर्चा करेगे। पत्रिया को पंजाब के राज्यपाल वीपी सिंह, मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ओर सांसद सुभाष बहेडिया के साथ ही पूर्व विधायक शिवजीराम मीणा का भी समर्थक माना जाता है। उन्होने राज्य की राज्य की सीएम वसुंधरा राजे की परिवर्तन यात्रा हो अथवा सुराज संकल्प यात्रा अथवा स्व भेरोसिंह शेखावत के समय की जहाजपुर की सभा या फिर सुषमा स्वराज की सभा हो का सफल संचालन कर उनकी रैली ओर सभा का सफल बनाने मे ंयोगदान दिया। पत्रिया जहाजपुर भाजपा के आधार स्तम्भ ही नही है वरन भाजपा कार्यकर्ताओ के लिए हर समय तैयार रहते है। किसी भी विभाग का कोई भी काम हो वह कार्यकर्ताओ के लिए खून पसीना बहाने के लिए तैयार रहते है। पत्रिया जल्द ही जहाजपुर विधानसभा के लिए अपनी दावेदारी पेश करेगे। यदि पत्रिया ने मजबूती से अपनी दावेदारी पेश कर दी तो कई नवागत भाजपाईयों की चेहरो की रंगत देखने काबिल होगी ओर भाजपा खेमें मे हडकंप मचना भी तय है।
उधर कांग्रेस में पत्रिया की संभावित दावेदारी के चलते अभी से उनमें चिंता की लकीरे साफ तौर पर दिदखने लगी है। जहाजपुर के साथ कोटड़ी में भी पत्रिया के प्रभुत्व को देखते हुए कहा जाने लगा है कि जहाजपुर से इस बार भाजपा को जीत हासिंल करने के लिए युवा चेहरे को ही प्रत्याशी बनाना होगा। ऐसे में सबसे मजबूत दावेदारी पत्रिया की लग रही है।

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