धीरेंद्र् जोशी/उदयपुर . हरियाली से आच्छादित गुलाबबाग में हास्य के फव्वारों के बीच योगा का आनंद, विभिन्न खेल गतिविधियों में हर वर्ग व उम्र की उत्साह से भागीदारी और विभिन्न कलाओं से लोगों को अचंभित करती शहर की प्रतिभाएं। मौज-मस्ती से भरपूर सेहत की इस पाठशाला को देखकर आसपास में मौजूद लोग भी इसमें शामिल हो गए।
यह नजारा रविवार को राजस्थान पत्रिका के हमराह कार्यक्रम में दिखाई दिया जिसमें आलोक संस्थान, नारायण सेवा संस्थान, जलविहार कॉलोनी सहित शहर के कई संगठनों और संस्थाओं ने भागीदारी निभाई, वहीं नियमित रूप से गुलाबबाग घूमने आने वाले लोग भी इसमें शामिल हुए। सेहत, स्वास्थ्य और देश के प्रति फर्ज निभाने का उद्देश्य से आयोजित इस कार्यक्रम की लोगों ने मुक्तकंठ से प्रशंसा की और इसे हर वर्ग के लिए हितकारी बताया।
लाफ्टर योग ने गुदगुदाया
आलोक संस्थान के डायरेक्टर डॉ. प्रदीप कुमावत ने लाफ्टर योग करवाया। उन्होंने विभिन्न मुद्राओं के स्वास्थ्य लाभ में योगदान की जानकारी दी। खुशी, गम, चिंता सहित नित्य प्रतिदिन के कार्यों में भी हास्य के साथ योग करना सिखाया।
ली मतदान की शपथ
इस दौरान राष्ट्रीय पर्व लोकसभा चुनाव को लेकर लोगों को मतदान के प्रति जागरूक किया गया। डॉ. कुमावत ने शहरवासियों को बिना भय और लालच के मतदान करने की शपथ दिलाई। साथ ही लोगों से आह्वान किया कि वे अपने पड़ोसियों को भी मतदान के लिए प्रेरित करें।
दिव्यांग के करतबों ने किया अचंभित
दिव्यांग जगदीश पटेल के अपने करतब ने लोगों को अचंभित किया। दोनों पांव से पोलियोग्रस्त जगदीश ने हाथ की एक अंगुली और अंगूठे के बल खड़े रहने के साथ ही धनुष आकार बनाया। एक हाथ पर पूरे शरीर का वजन रखकर सेल्यूट किया।
सोशल मीडिया खत्म कर रहा रिश्ते
इस दौरान आरएमवी के द विजन एकेडमी सेकंडरी स्कूल के बच्चों ने एंटी सोशल मीडिया पर शानदार नाटक प्रस्तुत किया। इसके माध्यम से बच्चों ने सोशल मीडिया के चलते रिश्तों में दूरी पर कटाक्ष किया। बड़ी संख्या में दर्शकों को इस प्रस्तुति और इसके संदेश ने प्रभावित किया। प्रिंसिपल प्रतिमा सामर, प्रीति दीक्षित और अन्य अध्यापिकाओं के मार्गदर्शन में मयंक, संकल्प, रूद्राक्ष, निखिल, दिव्यांशी राज, सुष्मिता, वैदिका, गुंजन, दिव्यांशी, दिशाल, कृतिका, प्रद्युम्न, जयेश आदि ने यह प्रस्तुति दी।
जहीर ने दिया सांकेतिक भाषा से परिचय
मूक-बधिर बालक जहीर खान ने लोगों को सांकेतिक भाषा के माध्यम से अपना परिचय दिया। उसने अंग्रेजी के सभी अक्षर हाथों से बनाकर दिखाए। शहरवासियों ने करतल ध्वनि से उसका उत्साहवर्धन किया।
जानवरों की आवाजों से चौंकाया
कार्यक्रम में मेवाराम खटीक ने विभिन्न जानवरों की आवाजें निकाल कर चौंका दिया। उन्होंने कुत्ते, बिल्ली, मोर, सारस, बकरी सहित कई पशु-पक्षियों की आवाज निकाली। पशु-पक्षियों की आवाज से हूबहू मेल खाती आवाजों को सुनकर लोग अचंभित हो गए। यहां मौजूद लोगों ने कलाकार की कला को खूब सराहा।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal http://bit.ly/2D3dwgK
via IFTTT
No comments:
Post a Comment